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10 mahavidhya aur grah

जन्म कुंडली में कमजोर सूर्य, पीड़ित सूर्य या सूर्य-राहु, सूर्य-केतु, सूर्य-शनि की युति को मजबूत करने के लिए देवी मातंगी की पूजा करना लाभकारी होता है।मानसिक शांति, खुशी, एकाग्रता, गहरी नींद और कमजोर चंद्रमा (चंद्रमा सूर्य, मंगल, शनि, राहु, केतु जैसे अशुभ ग्रहों के साथ...

होलाष्टक शुरू, होलिका दहन तक बंद रहेंगे ये 16 संस्कार

होलाष्टक शुरू, होलिका दहन तक बंद रहेंगे ये 16 संस्कार होलिका दहन से आठ दिन पहले यानी 17 मार्च से होलाष्टक शुरू हो चुका है. शास्त्रों में फाल्गुन शुक्ल अष्टमी से लेकर होलिका दहन तक की अवधि को होलाष्टक कहा गया है. होलाष्टक लगते ही शुभ व मांगलिक कार्य वर्जित हो जाते हैं....

किस कामना के लिए क्या प्रदार्थ एवं कौनसा फूल शिव को चढ़ाएं

किस कामना के लिए क्या प्रदार्थ एवं कौनसा फूल शिव को चढ़ाएं 👇👉 वाहन सुख के लिए चमेली का फूल।👉 दौलतमंद बनने के लिए कमल का फूल, शंखपुष्पी या बिल्वपत्र।👉 विवाह में समस्या दूर करने के लिए बेला के फूल। इससे योग्य वर-वधू मिलते हैं।👉 पुत्र प्राप्ति के लिए धतुरे का लाल फूल...

कालसर्प दोष विश्लेषण)

(कालसर्प दोष विश्लेषण) काल सर्प योग मुख्यतः बारह प्रकार के होते हैं:–> अनन्त काल सर्प योग –> यह योग तब बनता है, जब प्रथम भाव में राहु और सप्तम भाव में केतु होता है। इस योग से प्रभावित व्यक्ति को शारीरिक, मानसिक और सरकारी व अदालती मामलों से जुडी परेशानी उठानी पड़...

मीन मलमास आज से शुरू

मीन मलमास आज से शुरू खरमास को हिंदू धर्म में शुभ नहीं माना गया है। सूर्य जब मीन राशि में गोचर करेंगे तब अगले 30 दिनों के लिए सभी मांगलिक कार्यों पर रोक लग जाएगी। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार सूर्य के राशि बदलने से साल में दो बार खरमास लगते हैं, खरमास की अवधि को शुभ...

रोग निवारण के प्रयोग

आयुर्वेद में रत्नों की भस्म द्वारा रोग निवारण के प्रयोग बताए गए हैं। अतः रत्नों में ग्रहों की ऊर्जा होती है। जो जातक को स्वास्थ्य बल भी प्रदान करती है। अतः रोग अनुसार रत्न धारण करें जैसे -#quotesdaily06 #astroshaliini #upay #crystalclear #chakra #astrology...